Article 42

मानवीय कार्य दशाएं और मातृत्व सहायता

Just and humane work conditions and maternity relief
भाग IVराज्य के नीति निदेशक तत्वDirective Principles of State Policy18 June 2026
सभी संविधान अनुच्छेद

संक्षिप्त सार

अनुच्छेद 42 'मानवीय कार्य दशाएं और मातृत्व सहायता' से संबंधित है। यह प्रावधान राज्य के नीति निदेशक तत्व के अंतर्गत पढ़ा जाता है और भारतीय संविधान की संरचना को समझने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। सरल भाषा में इसका अर्थ यह है कि State just and humane conditions of work तथा maternity relief के लिए provisions करेगा। यह labour और women welfare का प्रमुख DPSP है। इस अनुच्छेद के मुख्य बिंदु समझने के लिए इन बातों पर ध्यान देना चाहिए: Humane work conditions Maternity relief Labour welfare Women welfare यह केवल एक कानूनी वाक्य नहीं है, बल्कि शासन व्यवस्था को स्पष्ट, नियंत्रित और जवाबदेह बनाने वाली संवैधानिक व्यवस्था का हिस्सा है। संविधान में ऐसे प्रावधान इसलिए रखे गए हैं ताकि सत्ता का प्रयोग मनमाने ढंग से न होकर लिखित नियमों, संस्थागत मर्यादा और विधि के शासन के अनुसार हो। इससे नागरिकों, सरकार, न्यायपालिका, संसद और राज्यों के बीच अधिकारों और कर्तव्यों की सीमा स्पष्ट रहती है। व्यावहारिक रूप से इस अनुच्छेद का महत्व तब समझ आता है जब किसी पद की योग्यता, अधिकार, चुनाव, नियुक्ति, कार्यकाल, प्रक्रिया, नीति या जिम्मेदारी से जुड़ा प्रश्न सामने आता है। प्रशासनिक फैसले, न्यायिक व्याख्या और प्रतियोगी परीक्षाओं में इसके शब्दों और उद्देश्य दोनों को देखा जाता है। इसलिए इसे रटने के बजाय इसके पीछे की संवैधानिक सोच को समझना ज्यादा उपयोगी है। परीक्षा दृष्टि से याद रखने योग्य बातें हैं: अनुच्छेद संख्या 42, विषय 'मानवीय कार्य दशाएं और मातृत्व सहायता', संबंधित भाग 'राज्य के नीति निदेशक तत्व', और इसका मुख्य उद्देश्य। Article 42: Maternity relief Labour welfare Work conditions कथन-कारण, सही/गलत, मिलान और एक पंक्ति वाले प्रश्नों में यह जानकारी बार-बार उपयोगी होती है।

अनुच्छेद की हिंदी में व्याख्या

अनुच्छेद 42 'मानवीय कार्य दशाएं और मातृत्व सहायता' से संबंधित है। यह प्रावधान राज्य के नीति निदेशक तत्व के अंतर्गत पढ़ा जाता है और भारतीय संविधान की संरचना को समझने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। सरल भाषा में इसका अर्थ यह है कि State just and humane conditions of work तथा maternity relief के लिए provisions करेगा। यह labour और women welfare का प्रमुख DPSP है। इस अनुच्छेद के मुख्य बिंदु समझने के लिए इन बातों पर ध्यान देना चाहिए: Humane work conditions Maternity relief Labour welfare Women welfare यह केवल एक कानूनी वाक्य नहीं है, बल्कि शासन व्यवस्था को स्पष्ट, नियंत्रित और जवाबदेह बनाने वाली संवैधानिक व्यवस्था का हिस्सा है। संविधान में ऐसे प्रावधान इसलिए रखे गए हैं ताकि सत्ता का प्रयोग मनमाने ढंग से न होकर लिखित नियमों, संस्थागत मर्यादा और विधि के शासन के अनुसार हो। इससे नागरिकों, सरकार, न्यायपालिका, संसद और राज्यों के बीच अधिकारों और कर्तव्यों की सीमा स्पष्ट रहती है। व्यावहारिक रूप से इस अनुच्छेद का महत्व तब समझ आता है जब किसी पद की योग्यता, अधिकार, चुनाव, नियुक्ति, कार्यकाल, प्रक्रिया, नीति या जिम्मेदारी से जुड़ा प्रश्न सामने आता है। प्रशासनिक फैसले, न्यायिक व्याख्या और प्रतियोगी परीक्षाओं में इसके शब्दों और उद्देश्य दोनों को देखा जाता है। इसलिए इसे रटने के बजाय इसके पीछे की संवैधानिक सोच को समझना ज्यादा उपयोगी है। परीक्षा दृष्टि से याद रखने योग्य बातें हैं: अनुच्छेद संख्या 42, विषय 'मानवीय कार्य दशाएं और मातृत्व सहायता', संबंधित भाग 'राज्य के नीति निदेशक तत्व', और इसका मुख्य उद्देश्य। Article 42: Maternity relief Labour welfare Work conditions कथन-कारण, सही/गलत, मिलान और एक पंक्ति वाले प्रश्नों में यह जानकारी बार-बार उपयोगी होती है।

Article in English

Just and humane work conditions and maternity relief. This entry is a simplified educational summary for website use; exact wording should be checked from the official Constitution text.

मुख्य बिंदु

Exam Useful Points

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

अनुच्छेद 42 किससे संबंधित है?
काम की न्यायसंगत/मानवीय दशाएं और maternity relief का निर्देश।
Article 42 किस भाग में आता है?
यह भाग IV - राज्य के नीति निदेशक तत्व में आता है।

स्रोत और सूचना

Constitution of India
Legislative Department, Ministry of Law and Justice / India Code official Constitution text
Website educational summary. For court/legal use, verify exact legal wording from the official Constitution text.